राज्य स्तरीय नेचर एवं बर्ड फेस्टिवल 2023 का हुआ शुभारंभ।

आशीष तिवारी।
महोबा में मुख्य अतिथि राज्य मंत्री स्वतन्त्र प्रभार, पर्यावरण, वन, जन्तु उद्यान एवं जलवायु परिवर्तन उत्तर प्रदेश ने दिनांक 02 फरवरी 2023 को विजय सागर पक्षी विहार महोबा में राज्य स्तरीय नेचर एवं बर्ड फेस्टिवल 2023 का शुभारम्भ करने के उपरान्त इस अवसर पर मुख्यमंत्री द्वारा प्रदेशवासियों के नाम प्रसारित संदेश से प्रतिभागियों को अवगत कराया। 11 वीं शताब्दी में विजयपाल चंदेल द्वारा निर्मित विजय सागर झील में जल, दलदल व सूखा स्थान उपलब्ध होने के कारण यहाँ पक्षियों की विविधता है। मंत्री ने विद्यार्थियों से अनुरोध किया कि वे ग्रीष्मकाल में छत पर पक्षियों के लिये पानी रखकर एवं आंगन में फल का पौध रोपित कर पक्षियों की संख्या में वृद्धि व जीवन अनुशासित बनायें। मंत्री ने विद्यार्थियों का आहवाहन किया कि पक्षियों, परिवार, मित्रों व वन्य प्राणियों के प्रति संवेदनशील बनें। डा० सक्सेना ने कहा कि प्रधानमंत्री व मुख्यमंत्री बुन्देलखण्ड के विकास हेतु निरन्तर कार्य कर रहे है, तथा यहाँ आधारभूत संरचनाओं का विकास व सुदृढ कानून व्यवस्था स्थापित की जा रही है। राज्यमंत्री डा० सक्सेना ने बर्ड एण्ड नेचर फेस्टिवल में आये पक्षी विशेषज्ञों का स्वागत करते हुये आशा व्यक्त की कि तकनीकी सत्रों में पक्षियों के संरक्षण व उनकी गतिविधियों पर विचार-विमर्श के उपरान्त पक्षियों व उनके प्राकृतवास की सुरक्षा व सुधार से सम्बन्धित महत्वपूर्ण रणनीति तैयार होगी। अपर मुख्य सचिव पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग उ०प्र० शासन मनोज सिंह ने कहा कि पक्षियों का संसार आत्मविश्वास प्रातःकाल जागने मौसम अनुकूल आचरण, खान-पान व व्यवहार एवं लक्ष्य प्राप्त करने की शिक्षा देता है। इन शिक्षाओं को ग्रहण कर विद्यार्थी अपने जीवन में सफलता प्राप्त कर सकते हैं। सिंह ने कहा कि प्रदेश में 10 रामसर साईट्स सहित बहुत अधिक संख्या में वेटलैण्ड का प्रबन्धन करने के साथ ही एक जनपद- एक गंतव्य योजना के अन्तर्गत प्रत्येक जनपद में वेटलैण्ड्स का विकास व सौन्दर्यीकरण कर इको पर्यटन को प्रोत्साहन दिया जा रहा है | जलवायु परिवर्तन के प्रतिकूल प्रभावों को नियन्त्रित करने में वेटलैण्ड्स की भूमिका का उल्लेख करते हुये श्री सिंह ने कहा कि वेटलैण्ड्स में विकसित एल्गी वृक्षों से लगभग 4000 गुना अधिक कार्बन अवशोषित कर वातावरण से कार्बन की मात्रा कम कर जलवायु परिवर्तन की दर न्यूनतम करने में योगदान देते है। महोबा के ऐतिहासिक महत्व का उल्लेख करते हुये अपर मुख्य सचिव ने कहा कि महोबा का विकास व यहाँ ईको- पर्यटन को प्रोत्साहित करने हेतु प्रदेश सरकार प्रतिबद्ध है। सुनील चौधरी, मुख्य वन्यजीव प्रतिपालक उ०प्र० ने मुख्य अतिथि विशिष्ट अतिथियों एवं टीम लीडर सहित समस्त अभ्यागतों का स्वागत करते हुये कहा कि बुन्देलखण्ड में आयोजित इस सफल कार्यक्रम को आगे बढाने हेतु इसे बुन्देलखण्ड के अन्य क्षेत्रों में भी आयोजित करने पर विचार किया जा रहा है। मुख्य अतिथि राज्य मंत्री स्वतन्त्र प्रभार डा० अरूण कुमार सक्सेना ने बर्ड एवं नेचर फेस्टिवल 2023 का शुभारम्भ करने के उपरान्त आर्द्र भूमि संरक्षण शपथ वाल पर हस्ताक्षर, फोटो प्रदर्शनी का उद्घाटन व अवलोकन एवं बी०एन०एच०एस०, भारतीय वन्य जीव संस्थान देहरादून, वाईल्ड लाईफ ट्रस्ट आफ इण्डिया, डब्लूडब्लू०एफ०, वाईल्ड लाईफ एस०ओ०एस० आगरा, टी०एस०ए०, महोबा, हमीरपुर व चित्रकूट के एक जनपद- एक उत्पाद सहित विभिन्न संस्थानों द्वारा प्रदर्शित स्टालों एवं विद्यार्थियों के लिये आयोजित चित्रकला प्रतियोगिता का अवलोकन किया। मुख्य अतिथि द्वारा इस अवसर पर पुस्तकों का विमोचन, बर्ड व नेचर फेस्टिवल के लोगो व
ई-मैगजीन का विमोचन तथा विभिन्न प्रतिभागियों एवं उत्कृष्ट कार्य करने वाले अधिकारियों/ कर्मचारियों को पुरस्कृत कर प्रमाण पत्र प्रदान किये। प्रथम तकनीकी सत्र में भारतीय वन सेवा के अधिकारी श्री जी०एस० भारद्वाज ने ग्रेट इण्डियन बस्टर्ड का संरक्षण, (Saving Great Indian Bustard) सुबरंजन सेन, अपर प्रधान मुख्य वन संरक्षक, वन्य जीव मध्य प्रदेश ने मध्य प्रदेश में गिद्ध की प्रास्थिति (Status of Vultures in M.P.), बी०एन०एच०एस० के रजत भार्गव ने भारत में ग्रीन मुनिया का संरक्षण ( Conservation of Green Avadavat Amandava formosa in India), टी०एस०ए०के० शैलेन्द्र सिंह ने उoप्रo में गांगेय डॉल्फिन के पुनरोद्धार का अध्ययन (Saving the Soons: A case study of Gangetic Dolphin Rescue in U.P.) अश्विन विश्वनाथन ने नागरिक विज्ञान के माध्यम से पक्षियों के सम्बन्ध में सीखना ( Learning about Birds through Citizen Science) एवं द्वितीय तकनीकी सत्र मे निदेशक पर्यटन प्रखर मिश्र ने पर्यटन एवं कन्वर बी सिंह ने प्राकृत वास में पक्षियों के अवलोकन की आदत (Birding in India: A Social Media phenomenon also a case Study on Facebook Cummunity Indian Birds having 4.5 Lakh members) विषयवस्तु पर प्रस्तुतिकरण दिया। अपर मुख्य सचिव, पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग, उ०प्र० शासन मनोज सिंह, प्रधान मुख्य वन संरक्षक और विभागाध्यक्ष उ०प्र० ममता संजीव दूबे, एवं भारतीय वन सेवा के सेवानिवृत्त अधिकारी के० प्रवीन राव ने अध्यक्ष व सहअध्यक्ष के रूप में तकनीकी सत्रों का संचालन किया। इस अवसर पर विद्यार्थियों ने सरस्वती वंदना व विभिन्न मनमोहक सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किये। भारतीय वन सेवा की युवा अधिकारी आरूषि मिश्र ने मंच संचालन व संयोजन किया। मुख्य वन संरक्षक, वन्य जीव पश्चिमी क्षेत्र कानपुर ने कार्यक्रम में प्रतिभाग कर रहे अभ्यागतों को धन्यवाद ज्ञापित किया। मुख्य अतिथि मंत्री, विधायक जितेन्द्र सिंह सेंगर, विशिष्ट अतिथियों, तकनीकी सत्र के अध्यक्ष व सहअध्यक्षों मण्डलायुक्त एवं जिलाधिकारी महोबा की गरिमामयी उपस्थिति में आयोजित कार्यक्रम में वरिष्ठ अधिकारियों, विषय विशेषज्ञों, वेट्लैण्ड्स, पक्षियों व वानिकी क्षेत्र में कार्यरत् गैर सरकारी संगठनों के सदस्यों व विद्यार्थियों सहित स्थानीय निवासियों ने प्रतिभाग किया।
