बिजली के खंभे से चिपककर गाय की मौत, विद्युत विभाग की लापरवाही पर उठे सवाल

बिजली के खंभे से चिपककर गाय की मौत, विद्युत विभाग की लापरवाही पर उठे सवाल
जीत नारायण
लखनऊ। राजधानी के नरही क्षेत्र अंतर्गत जवाहर भवन पावर हाउस से जुड़े मुरारी लाल चतुर्वेदी मार्ग इलाके में बिजली के खंभे में करंट उतरने से एक गाय की दर्दनाक मौत हो गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार गाय जैसे ही खंभे के संपर्क में आई, वह करंट की चपेट में आ गई और मौके पर ही उसकी मौत हो गई।
घटना के बाद स्थानीय लोगों में विद्युत विभाग के प्रति भारी आक्रोश है। लोगों का कहना है कि शहर में पहले भी बिजली के खंभों और खुले तारों में करंट आने से कई पशुओं की मौत हो चुकी है, लेकिन विभाग ने इन घटनाओं से कोई सबक नहीं लिया। सवाल यह है कि यदि गाय की जगह कोई राहगीर, बच्चा या अन्य व्यक्ति करंट की चपेट में आ जाता, तो इसकी जिम्मेदारी कौन लेता? किसी की जान जाने के बाद दिया जाने वाला मुआवजा उस क्षति की भरपाई नहीं कर सकता।
स्थानीय लोगों का कहना है कि राजधानी लखनऊ में ही आए दिन इस तरह की घटनाओं में मूक पशुओं को अपनी जान गंवानी पड़ रही है। यदि प्रदेश की राजधानी में विद्युत व्यवस्था की यह स्थिति है, तो अन्य जनपदों की स्थिति कैसी होगी, इसका सहज अंदाजा लगाया जा सकता है। लोगों का आरोप है कि नियमित निरीक्षण और रखरखाव के अभाव में बिजली के खंभे और लाइनें हादसों का कारण बन रही हैं।
लोगों ने यह भी सवाल उठाया कि आखिर जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही कब तय होगी। उनका कहना है कि समय रहते निरीक्षण और आवश्यक मरम्मत कार्य किए जाएं तो ऐसी घटनाओं को रोका जा सकता है। साथ ही दोषी अधिकारियों और कर्मचारियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की भी मांग की गई है।
अब सभी की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और प्रदेश के ऊर्जा मंत्री ए.के. शर्मा इस घटना को कितनी गंभीरता से लेते हैं। क्या विद्युत विभाग के जिम्मेदार अधिकारियों पर जवाबदेही तय करते हुए सख्त कार्रवाई होगी, या फिर यह मामला भी अन्य घटनाओं की तरह जांच और फाइलों तक सीमित रह जाएगा। स्थानीय लोगों का कहना है कि अधिकारियों को नियमित रूप से फील्ड में जाकर निरीक्षण करना चाहिए, ताकि ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके।
