तांत्रिक हत्याकांड में शामिल करण उर्फ अली को पुलिस ने अमृतसर से दबोचा, गैंगस्टर कौशल को दुबई में दी थी पनाह

सन्तोष कुमार यादव संवाददाता
गुरुग्राम:- करीब पांच साल पहले हुए विजय बत्रा उर्फ तांत्रिक हत्याकांड में शामिल रहे एक लाख के इनामी बदमाश करण उर्फ अली को गुरुग्राम पुलिस ने अमृतसर से गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी दुबई में रहकर एक बैंक में नौकरी कर रहा था और वहां पर मुख्य रूप से गैंगस्टर अमित डागर और कौशल के साथ रहता था।
पुलिस के मुताबिक इनामी बदमाश करण उर्फ अली ने दोनों ही गैंगस्टरों को दुबई में शरण दी हुई थी और उनकी हर जरूरत को वहां पूरा करता था। तीनों ने मिलकर ही दुबई में विजय बत्रा उर्फ तांत्रिक की हत्या की साजिश रची थी। इस हत्याकांड में शामिल सभी आरोपी गिरफ्तार कर लिए गए थे, लेकिन यह मुख्य आरोपी करण उर्फ अली गिरफ्त से बाहर था। जिसकी गिरफ्तारी के लिए गुरुग्राम पुलिस ने लुक आउट नोटिस भी जारी कराया हुआ था। ऐसे में अब जब अली भारत में आया तो पुलिस ने आरोपी को अमृतसर से दबोच लिया।
आरोपी करण उर्फ अली 2013 से दुबई में रह रहा है। साल 2019 में जब विजय बत्रा की हत्या हुई और उसके बाद गैंगस्टर कौशल दुबई गया तो गैंगस्टर अमित डागर ने उसकी मदद की। फिर अमित डागर के कहने पर ही करण उर्फ अली ने कौशल को दुबई में न केवल रहने की जगह दी, बल्कि उसे हर सुविधा भी मुहैया कराई। गैंगस्टर कौशल दुबई में लाइसेंस बनवाना चाहता था, जिसके लिए कौशल ने करण उर्फ अली को 10 लाख रुपए भी दिए थे। करण उर्फ अली मूल रूप से पलवल के हथीन का रहने वाला था और दुबई जाने से पहले वह लंबे समय तक गैंगस्टर अमित डागर के घर के पास ही मकान में रहा है। फिलहाल पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर पूछताछ शुरू कर दी है। पूछताछ में पता लगाया जा रहा है कि आरोपी और कितनी वारदातों में शामिल रहा है और वह किन-किन गैंगस्टर से संपर्क में था।
